‘कोई दुर्गंध नहीं होती है…’ अखिलेश यादव के गौशाला वाले बयान पर लालू यादव की पार्टी का बड़ा बयान
Bihar News: समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव के गौशाला और दुर्गंध वाले बयान पर विवाद बढ़ता जा रहा है. राष्ट्रीय जनता दल (RJD) नेता भाई वीरेंद्र की भी अखिलेश यादव के बयान पर प्रतिक्रिया आई है. उन्होंने कहा कि कोई दुर्गंध नहीं होती है, गाय हमारी माता है. हम गौ पालने वाले लोग हैं. उन्होंने (अखिलेश यादव) यह बयान नहीं दिया होगा. इसे तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है. इत्र पार्क बनाएं हैं उसके लिए बधाई. उनके (अखिलेश यादव) यहां भी गाय है. ऐसा उन्होंने बोला नहीं तोड़-मरोड़कर बयान चलाया है. ‘हर जगह भ्रष्टाचार का बोलबाला है’ वहीं ईडी ने भवन निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता तारिणी दास के ठिकानों पर छापेमारी को लेकर भी RJD नेता भाई वीरेंद्र की प्रतिक्रिया आई है. उन्होंने कहा कि जिन्हें सरकार बहुत मन से मानती है. अगर उनके यहां भी छापेमारी की जाएगी तो वहां भी उतनी ही या उससे भी ज्यादा रकम बरामद होगी. इस शासन में अराजकता और भ्रष्टाचार का स्तर बिहार ही नहीं बल्कि पूरे देश और दुनिया में अभूतपूर्व है. हर लेन-देन में पैसा शामिल है और बिना रिश्वत के कोई काम नहीं होता. चाहे ब्लॉक स्तर हो, अनुमंडल स्तर हो या जिला स्तर, हर जगह भ्रष्टाचार का बोलबाला है और प्रोटोकॉल पूरी तरह ध्वस्त हो चुका है. #WATCH | Patna | On Samajwadi Party Chief Akhilesh Yadav's statement, RJD leader Bhai Virendra says, "He wouldn't have given this statement and this remark must be an altered one..." He further says, "There are a lot of looters in the state (Bihar), the CM of which is mentally… https://t.co/h5nsXDLb9P pic.twitter.com/Y8BxWvgGFQ — ANI (@ANI) March 27, 2025 [/tw] ‘नीतीश कुमार का मानसिक संतुलन ठीक नहीं’ RJD नेता ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का मानसिक संतुलन ठीक नहीं है. 2-4 व्यक्ति ही सरकार को चला रहे हैं. जो बिहार की गाढ़ी-कमाई का पैसा लूट रहे हैं. उनका राजनीतिक इतिहास भी पढ़ लिजिए, उनका राजनीति इतिहास क्या है वो सप्लायर रहे हैं. सप्लायर क्या करेगा बिहार की जनता से प्रेम नहीं करेगा. आम आवाम से प्रेम नहीं करेगा. इसलिए सप्लायर लोग अपनी जेब भरने का काम कर रहे हैं. वो सदन से उठकर जाते है और मुख्यमंत्री को दवा खिलाते हैं, वो ठीक नहीं हो पा रहे हैं. यह भी पढ़ें: 'सौगात-ए-मोदी' पहल का भागलपुर के मुसलमानों ने किया स्वागत, PM मोदी को सराहा

‘कोई दुर्गंध नहीं होती है…’ अखिलेश यादव के गौशाला वाले बयान पर लालू यादव की पार्टी का बड़ा बयान
लेखिका: स्नेहा शर्मा, टीम नेटानगरी
राजनीति में बयानबाज़ी कभी-कभी ऐसे मोड़ ले लेती है जो आम जनता को हंसाते भी हैं और सोचने पर मजबूर भी करते हैं। हाल ही में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बयान में कहा था, "कोई दुर्गंध नहीं होती है," जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई। इस बयान पर लालू प्रसाद यादव की पार्टी ने अपनी टिप्पणी का इजहार किया है।
अखिलेश का बयान और उसका महत्व
अखिलेश यादव के इस विवादित बयान का संदर्भ उस समय पर है जब उत्तर प्रदेश में चुनावी माहौल गरमाया हुआ है। उनके बयान का इस्तेमाल कई राजनीतिक विश्लेषक चुनावी रणनीति के रूप में देख रहे हैं। उन्होंने गौशालाओं की स्थिति को बयां करते हुए यह कहा कि गायों की देखभाल के लिए बनाए गए आश्रय में दुर्गंध नहीं होती। इससे उनका तात्पर्य यह था कि गायों का पालन करने में कोई समस्या नहीं है।
लालू यादव की पार्टी का जवाब
लालू प्रसाद यादव की पार्टी, राष्ट्रीय जनता दल (राजद), ने अखिलेश के इस बयान पर कड़ा जवाब दिया है। पार्टी ने कहा है कि "दुर्गंध" केवल मवेशियों से नहीं, बल्कि राजनीति में भी आ सकती है। राजद ने यह भी कहा कि अगर कोई पार्टी गौशालाओं की स्थिति को लेकर इतना ही गंभीर है, तो उन्हें इस पर अधिक ध्यान देने की आवश्यकता है। पार्टी के प्रवक्ता ने कहा कि "अखिलेश यादव को अपने बयान पर विचार करना चाहिए और अपनी सोच को बदलना चाहिए।"
ट्रेंडिंग मोलिक्युल्स और विचार
इस मुद्दे पर नागरिकों की भी मिली-जुली प्रतिक्रियाएँ आई हैं। कुछ लोगों का मानना है कि इस तरह के बयान महज एक मजाक हैं, जबकि दूसरों का कहना है कि यह गंभीरता से विचार करने का विषय है। गौशालाओं की स्थिति और गायों की देखभाल के मुद्दे पर हमें अधिक ध्यान देने की आवश्यकता है।
निष्कर्ष
इस वार्तालाप ने यह स्पष्ट कर दिया है कि राजनीति में कभी-कभी शब्दों का महत्व बहुत बढ़ जाता है। अखिलेश यादव और लालू प्रसाद यादव की पार्टी के बीच यह बयानबाज़ी चुनावी सियासत में एक नई दिशा दे सकती है। देखना यह होगा कि आगे चलकर यह मुद्दा किस दिशा में जाता है। हमें उम्मीद है कि यह बहस गंभीरता से होगी और यह मुद्दा केवल एक मज़ाक में न बदल जाए।
जनता के बीच इस किस्म के संवाद से यह ज़रूरी हो जाता है कि राज्य की वास्तविक समस्याओं को ध्यान में रखा जाए। अधिक जानकारी के लिए, कृपया netaanagari.com पर जाएं।
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