सीएम धामी का फेलिसिटी एक्शन: ज्योलीकोट पेयजल प्रकरण में निलंबित हुए छह इंजीनियर

सीएम धामी का सख्त एक्शन जारी जन स्वास्थ्य की अनदेखी पर नपे छह इंजीनियर एक दिन पहले ही फर्जी प्रमाणपत्रों के मामले में की थी कड़ी कार्रवाई देहरादून। उत्तराखण्ड को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करने के संकल्प को साकार करने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का एक्शन जारी है। सोमवार को जन […] Source

Sep 22, 2026 - 00:37
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सीएम धामी का फेलिसिटी एक्शन: ज्योलीकोट पेयजल प्रकरण में निलंबित हुए छह इंजीनियर
सीएम धामी का फेलिसिटी एक्शन: ज्योलीकोट पेयजल प्रकरण में निलंबित हुए छह इंजीनियर

सीएम धामी का सख्त एक्शन: ज्योलीकोट पेयजल प्रकरण में छह अभियंताओं को किया निलंबित

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कम शब्दों में कहें तो, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जन स्वास्थ्य की अनदेखी के चलते छह इंजीनियरों को निलंबित किया है। ये कार्रवाई ज्योलीकोट पेयजल प्रकरण में की गई है।

मुख्यमंत्री का महत्वपूर्ण फैसला

सीएम धामी ने दो दिन पहले एक महत्वपूर्ण बैठक में यह निर्णय लिया, जिसमें जन स्वास्थ्य विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठाए गए थे। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करना होगा कि हर व्यक्ति को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो। इसी संदर्भ में, उन्होंने अपनी कड़ी कार्रवाई से संकेत दिया है कि अधिकारियों की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

फर्जी प्रमाणपत्रों की जांच

इस मामले की जड़ों तक जाने के बाद, यह सामने आया कि इन अभियंताओं ने फर्जी प्रमाणपत्रों का उपयोग किया था। इससे न केवल सरकारी प्रक्रिया का उल्लंघन हुआ, बल्कि जनता के स्वास्थ्य को भी खतरे में डाला गया। सीएम धामी ने कहा कि जन स्वास्थ्य के मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

उत्तराखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था का संवर्धन

उत्तराखंड को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करने के लिए मुख्यमंत्री धामी का यह कड़ा एक्शन महत्वपूर्ण है। यह स्पष्ट करता है कि वे स्वास्थ्य और कल्याण के मुद्दों को प्राथमिकता दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार की प्राथमिकता साफ-सुथरी और सुरक्षित जलापूर्ति सुनिश्चित करना है।

निलंबित अभियंताओं की जिम्मेदारी

जिन अभियंताओं को निलंबित किया गया है, उनमें से कई ने पूर्व में कई जन स्वास्थ्य परियोजनाओं का संचालन किया था, लेकिन उनकी लापरवाही के कारण नई योजनाओं पर संकट उत्पन्न हो गया था। अब, इस कार्रवाई से उन्हें यह संदेश भेजा गया है कि जन स्वास्थ्य विभाग में कार्य करने वाले सभी कर्मचारियों को अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता से लेना होगा।

मुख्यमंत्री की अपील

सीएम धामी ने सभी अधिकारियों से यह अपील की है कि वे जन स्वास्थ्य से संबंधित परियोजनाओं के प्रति अपनी जवाबदेही को समझें। उन्होंने कहा, "हमारी सरकार का दृढ़ संकल्प है कि हम उत्तराखंड को हर क्षेत्र में उन्नत बनाएं, और इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए हमें सभी को मिल कर कार्य करना होगा।"

निष्कर्ष

सीएम धामी का यह कड़ा निर्णय वास्तव में उनकी व्यक्तिगत और राजनीतिक प्रतिबद्धता का प्रतीक है। यह घोषणा न केवल जन स्वास्थ्य प्रणाली की मजबूती के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि इससे आगे भी कई योजनाओं को सफल बनाने का आधार बन सकता है। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी है कि वे अपनी जिम्मेदारियों को पूरा करें, अन्यथा उन्हें भी ऐसी ही सख्त कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।

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सादर, टीम नेटaa नगरी - प्रिया शर्मा

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