मुख्यमंत्री धामी ने चार घंटे की मैराथन बैठक में अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश, कुंभ-2027 की तैयारियों पर जोर
सड़कें गड्ढामुक्त करने से लेकर कुंभ-2027 की तैयारियों तक हुई समीक्षा, लापरवाही पर तय होगी अधिकारियों की जवाबदेही देहरादून। मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री धामी ने चार घंटे की मैराथन बैठक में अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश, कुंभ-2027 की तैयारियों पर जोर
कम शब्दों में कहें तो: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज एक विस्तृत बैठक में अधिकारियों को गड्ढामुक्त सड़कों और कुंभ-2027 की तैयारियों पर कड़ी जिम्मेदारी सौंपते हुए लापरवाही के प्रति चेतावनी दी।
Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - Netaa Nagari
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश के जिलाधिकारियों (डीएम) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों (एसएसपी) के साथ चार घंटे से अधिक समय तक आयोजित बैठक में विभिन्न विकास कार्यों, कानून-व्यवस्था, जनसुविधाओं और आगामी त्योहारों की तैयारियों की गंभीर समीक्षा की।
बैठक में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकारी प्राथमिकताओं को धरातल पर लागू करने की जिम्मेदारी अधिकारियों की है और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने दिशा निर्देश दिए कि अधिकारी नियमित रूप से फील्ड में जाकर कार्यों का निरीक्षण करें, ताकि जनता को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
सड़कों की गुणवत्ता पर ध्यान
मुख्यमंत्री धामी ने सभी जिलाधिकारियों को अपने जनपदों में सड़कों का स्थलीय निरीक्षण करने का निर्देश दिया, ताकि गड्ढामुक्त अभियान में तेज़ी लाई जा सके। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण और मरम्मत कार्यों की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।
उन्होंने यह भी कहा कि वह स्वयं प्रदेश का दौरा सड़क मार्ग से करेंगे और निरीक्षण के दौरान किसी भी तरह की लापरवाही की स्थिति में संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने सीवर और पेयजल पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़कों की तत्काल मरम्मत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए और कहा कि सभी अधूरे कार्य एक नवंबर तक पूर्ण किए जाएं ताकि आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
राजस्व मामलों का त्वरित निस्तारण
बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आम जनता को छोटे-छोटे कार्यों के लिए सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़े। पटवारी और तहसीलदार को दी गई यह जिम्मेदारी और भविष्य में नियमित समीक्षा आवश्यक है।
मुख्यमंत्री ने जिला योजना के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों को समयसीमा में पूरा करने का भी जोर दिया।
त्योहारों के लिए सुरक्षा का पुख्ता प्रबंध
आगामी नवरात्र और दीपावली पर्व को देखते हुए मुख्यमंत्री ने बड़ी मात्रा में पुलिस बल की तैनाती के निर्देश दिए। बाजारों, मंदिरों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ाने के लिए उत्सुकता व्यक्त की।
पुलिस के पास शिकायत लेकर आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की बात को गंभीरता से सुनने एवं समय पर एफआईआर दर्ज करने पर भी जोर दिया गया।
ऑपरेशन कालनेमि और प्रभावी सत्यापन अभियान
मुख्यमंत्री ने ऑपरेशन कालनेमि और सत्यापन अभियान को तेज करने एवं संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखने का निर्देश दिया। प्रमुख पर्यटन स्थलों जैसे मसूरी, नैनीताल, हरिद्वार और ऋषिकेश के लिए پہلے से यातायात योजना तैयार करने को कहा गया।
कुंभ-2027 की तैयारियों की नियमित समीक्षा
हरिद्वार में आयोजन हो रहे कुंभ-2027 की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय में कार्य करने का निर्देश दिया। विभिन्न परियोजनाओं की साप्ताहिक समीक्षा की जाएगी।
आपदा प्रभावितों को राहत, स्वास्थ्य सेवाओं पर जोर
मुख्यमंत्री ने आपदा प्रभावित परिवारों को तुरंत राहत और स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया और पर्वतीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
मतदाता सूची पुनरीक्षण की समीक्षा
बैठक में मतदाता सूची पुनरीक्षण को भी छुआ गया और अधिकारियों से निर्देश दिए गए कि निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन किया जाए।
प्रभारी सचिवों का दौरा
सरकारी योजनाओं को धरातल पर लागू करने के लिए प्रत्येक 15 दिनों में प्रभारी सचिवों द्वारा जनपदों का दौरा किया जाएगा।
बैठक में गृह सचिव, गढ़वाल और कुमाऊं मंडल के आयुक्त, सभी जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
एक जिम्मेदार प्रशासन की दिशा में यह बैठक महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
अधिक जानकारी के लिए, विजिट करें Netaa Nagari.
यह जानकारी हम आपको प्रदान कर रहे हैं, ताकि शासन की दिशा और कार्यों पर आपकी नजर बनी रहे।
सादर,
टीम नेटा नगरी - अंजलि
What's Your Reaction?