देहरादून: राज्यपाल गुरमीत सिंह से वर्ष-2022 बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों की शिष्टाचार भेंट

राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि)से बुधवार को राजभवन में वर्ष-2022बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों ने शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर अकादमी के निदेशक प्रदीप पंत भी मौजूद रहे। उत्तराखण्ड न्यायिक एवं विधिक अकादमी में वर्ष-2022 के 15 प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारी उत्तराखण्ड भ्रमण कार्यक्रम के अन्तर्गत राजभवन आए। इस अवसर पर राज्यपाल ने […] The post Dehradun:-राज्यपाल गुरमीत सिंह से राजभवन में वर्ष-2022 बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों ने की शिष्टाचार भेंट appeared first on संवाद जान्हवी.

Aug 22, 2025 - 00:37
 101  432.9k
देहरादून: राज्यपाल गुरमीत सिंह से वर्ष-2022 बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों की शिष्टाचार भेंट
Dehradun:-राज्यपाल गुरमीत सिंह से राजभवन में वर्ष-2022 बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों ने की शिष्टाचार भेंट

देहरादून: राज्यपाल गुरमीत सिंह से वर्ष-2022 बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों की शिष्टाचार भेंट

Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - Netaa Nagari

बुधवार को राजभवन में, उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने वर्ष 2022 बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों से शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर न्यायिक एवं विधिक अकादमी के निदेशक प्रदीप पंत भी उपस्थित थे। कुल 15 प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारी उत्तराखंड भ्रमण कार्यक्रम के तहत राजभवन पहुंचे, जहां उन्होंने राज्यपाल से संवाद किया और अपने भविष्य के लिए शुभकामनाएं प्राप्त की।

न्यायपालिका की भूमिका

राज्यपाल ने इस अवसर पर बताया, "न्यायपालिका समाज में न्याय, विश्वास और पारदर्शिता की आधारशिला है।" उन्होंने प्रशिक्षु अधिकारियों से आग्रह किया कि वे अपने कर्तव्यों का निर्वहन निष्ठा, संवेदनशीलता और ईमानदारी से करें। एक महत्वपूर्ण विषय पर बात करते हुए, राज्यपाल ने न्याय प्रणाली में टेक्नोलॉजी का समुचित उपयोग करने का सुझाव दिया ताकि सभी नागरिकों को त्वरित और सुलभ न्याय मिल सके। उनके अनुसार, नवीनतम तकनीकों का प्रयोग करने से न्याय प्रक्रिया को तेज और प्रभावशाली बनाया जा सकता है।

महिला अधिकारियों का समर्पण

महिला प्रशिक्षु अधिकारियों की अधिक संख्या देखकर राज्यपाल ने प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने बताया कि ये अधिकारी न्याय को निष्पक्ष, समयबद्ध और सुलभ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। राज्यपाल का मानना है कि सिर्फ न्यायपालिका की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि समाज का समर्थन एवं स्वीकृति भी आवश्यक है। महिला अधिकारियों का योगदान न केवल न्यायपालिका में, बल्कि समाज के विकास में भी अनिवार्य है।

राज्यपाल की ज्ञानवर्धक सलाह

राज्यपाल ने प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों को सलाह दी कि वे कठिनाइयों का सामना धैर्य और साहस के साथ करें। उनका कहना था कि हर चुनौती एक नया अवसर लाती है, जिसे समझना महत्वपूर्ण है। यदि अधिकारी समाज में उत्कृष्टता और ईमानदारी से कार्य करेंगे, तो वे समाज में बदलाव लाने में सफल होंगे। इस प्रकार, उन्हें सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने की आवश्यकता है ताकि वे आदर्श न्यायिक अधिकारी बन सकें।

निष्कर्ष

इस भेंट के माध्यम से वर्ष 2022 बैच के प्रशिक्षु न्यायिक अधिकारियों को एक प्रेरणादायी माहौल मिला। राज्यपाल के मार्गदर्शन से वे अपनी जिम्मेदारियों को निभाने के लिए और अधिक तत्पर होंगे। यह निश्चित रूप से उत्तराखंड की न्याय प्रणाली को मजबूत करेगा और देश की न्याय व्यवस्था के प्रति उनके समर्पण को भी दर्शाएगा।

इस अवसर पर विधि परामर्शी राज्यपाल कौशल किशोर शुक्ल भी उपस्थित थे। उन्होंने बैठक का महत्व समझाया और उपस्थित अधिकारियों को उनके कार्य के प्रति समर्पण के महत्व के बारे में बताया।

इससे जुड़ी अन्य जानकारियों के लिए विजिट करें Netaa Nagari.

ईमानदारी और प्रतिबद्धता के साथ,
टीम नेटА नागरी,
साधना शर्मा

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow